हरियाणा के कैबिनेट मंत्री राजेश नागर एसएचओ पर भड़क गए और कार्रवाई के आदेश दे दिए। दरअसल हरियाणा के खाद्य पूर्ति मंत्री राजेश नागर शुक्रवार को कुरुक्षेत्र में थे। यहां वह जिला कष्ट निवारण समिति की बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। इस दौरान मंत्री राजेश नागर अधिकारियों की कार्यशैली को लेकर आग बबूला हो गए। मंत्री ने जिला लोक संपर्क एवं कष्ट निवारण समिति की बैठक को गंभीरता से न लेने वाले अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की भी चेतावनी दे डाली। साथ ही मंत्री ने कहा कि लापरवाही सहन नहीं की जा सकती। हर अधिकारी को बैठक के संबंध में गंभीर होना ही होगा। अधिकारियों की लापरवाही और नहीं चलेगी। गौरतलब है कि कैबिनेट मंत्री राजेश नागर ने शुक्रवार को जिला सचिवालय में हुई लोक संपर्क एवं कष्ट निवारण समिति की बैठक की अध्यक्षता की। इस दौरान उन्होंने 17 शिकायतों में से अधिकतर का निपटान किया तो कहीं शिकायतें जांच के लिए लंबी तर्क ली गई।
‘SHO के खिलाफ कार्रवाई के आदेश दिए’
उन्होंने कहा ‘17 कंप्लेंट थी, जिसमें से पांच पुरानी थी। उसमें से तीन फाइल कर दी गई है। दो अभी पेंडिंग है और 12 जो नई कंप्लेंट थी, उसमें से 11 फाइल कर दी है और एक अभी पेंडिंग है।’ वहीं एसएचओ पर कार्रवाई के आदेस कोलेकर उन्होंने कहा ‘एक संगीन मैटर था एक बच्चे की जो कंप्लेंट थी की उसकी फैमली में कोई नहीं बचा और उसको जो शिकायत थी एसचओ से, और एसचओ मौके पर था भी नहीं तो हमने उसके लिए जांच के आदेश दिए, और उसका जो केस है, सीआइए को ट्रांसफर कर दिया है और उसमें एक एसडीएम और लगा दिया है कि इसकी निष्पक्ष और सही जांच हो’
अधिकारियों को रवैया सुधारना होगा: नागर
उन्होंने जिला उपायुक्त व डीएसपी को पूरे मामले की गहनता से जांच करने व संबंधित अधिकारी की लापरवाही सामने आने पर कार्रवाई करने के भी आदेश दिए। किशोर को जान का खतरा बताते हुए उनकी सुरक्षा में पुलिसकर्मी तैनात किए जाने के भी आदेश दिए गए तो वहीं अन्य शिकायत में भी अधिकारियों को फटकार लगाते हुए कहा कि उन्हें अपना रवैया सुधारना होगा। दरअसल मंत्री राजेश नागर बैठक में लोगों की शिकायत सुन रहे थे। इस दौरान एक किशोर ने अपनी शिकायत बताई तो कुछ अधिकारी मौजूद नहीं थे। वहीं एक अधिकारी खुद ही बचाव करने लगा। इस पर मंत्री ने गुस्से में फटकार लगाते हुए अधिकारी को कहा कि कभी कुछ बोल रहे, कभी कुछ। उन्होने कहा कि ऐसा बिल्कुल नहीं चलेगा। मंत्री ने डांट लगाते हुए फरियादी को पुलिस सुरक्षा की देने की बात कहते हुए केस की गहनता से जांच की बात कही गई।